खेल और युवा कल्याण मंत्री रेखा आर्य ने घोषणा की कि उत्तराखंड के दूरदराज के इलाकों की लड़कियों के लिए कैरियर के अवसरों को बढ़ाने के लिए युवा कल्याण निदेशालय और प्रांतीय रक्षक दल (पीआरडी) के भीतर ड्रोन संचालन पर एक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।
आर्य ने कहा कि दूरदराज के क्षेत्रों की कुल 52 लड़कियां “ड्रोन दीदी” बनने के लिए तैयार हैं। इन वंचित लड़कियों के लिए युवा कल्याण और पीआरडी निदेशालय में एक विशेष प्रशिक्षण शिविर चल रहा है। लड़कियों का चयन चमोली, उत्तरकाशी, पिथौरागढ़ और चंपावत समेत विभिन्न जिलों से किया गया है। उन्होंने बताया कि इस शिविर का उद्देश्य इन लड़कियों को उनके करियर की संभावनाओं को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक कौशल से लैस करना है। सभी 52 प्रतिभागी हाई स्कूल स्नातक हैं और उनका प्रशिक्षण 12 फरवरी तक पूरा होने वाला है। शिविर के दौरान, लड़कियों को ड्रोन चलाना सिखाया जाता है, साथ ही उन्हें जोड़ना, अलग करना और मरम्मत करना भी सिखाया जाता है। यह एक आवासीय शिविर है और रहने-खाने के लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाता है। साथ ही उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली पांच लड़कियों को मुफ्त में ड्रोन उपहार में दिया जाएगा।