देहरादून, 29 मार्च 2026 – उत्तराखंड की राजधानी देहरादून एक बड़ा महानगरीय क्षेत्र होने के बावजूद आज एलपीजी सिलेंडर की डिलीवरी और आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह सुचारू रूप से चल रही है। इसकी बड़ी वजह है जिलाधिकारी श्री सविन बंसल, आईएएस की दूरदर्शी और कुशल नेतृत्व क्षमता। जबकि देश के कई हिस्सों में वैश्विक परिस्थितियों के कारण एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति में देरी और कमी की शिकायतें आ रही हैं, देहरादून में आम नागरिकों को घर बैठे समय पर सिलेंडर मिल रहा है और कोई बड़ी समस्या सामने नहीं आई है।
जिलाधिकारी सविन बंसल ने एलपीजी आपूर्ति की स्थिति की निरंतर समीक्षा की। उन्होंने त्वरित प्रतिक्रिया टीम (QRT) गठित की, कंट्रोल रूम स्थापित किया और घर-घर डिलीवरी के साथ ओटीपी आधारित सिस्टम को सख्ती से लागू कराया। ब्लैक मार्केटिंग और घरेलू सिलेंडर के व्यावसायिक उपयोग पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए, जिससे बाजार में कालाबाजारी पर अंकुश लगा और घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता मिली।
देहरादून जैसे बड़े शहर और राज्य की राजधानी होने के कारण यहां लाखों घरेलू तथा व्यावसायिक उपभोक्ता हैं। फिर भी जिलाधिकारी की टीम ने चुनौतियों को कुशलतापूर्वक संभाला। क्विक रिस्पॉन्स टीमों ने गैस एजेंसियों का नियमित निरीक्षण किया, शिकायतों का तुरंत निपटारा सुनिश्चित किया और बैकलॉग को कम करने में सफलता हासिल की। परिणामस्वरूप, देहरादून के नागरिकों को एलपीजी सिलेंडर की डिलीवरी में कोई खास परेशानी नहीं झेलनी पड़ी।
सविन बंसल की कार्यशैली की सराहना
श्री सविन बंसल की प्रशासनिक उत्कृष्टता केवल एलपीजी व्यवस्था तक सीमित नहीं है। वे पहले भी आपदा राहत, राजस्व मामलों के निपटारे, अनाथ बालिकाओं की शिक्षा और आम जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए चर्चा में रहे हैं। उनकी टीम की सक्रियता, फील्ड स्तर पर निगरानी और जन शिकायतों के प्रति संवेदनशील रवैया देहरादून प्रशासन को एक मिसाल बना रहा है।
बड़े शहर में रहने वाले लाखों लोगों के लिए रोजमर्रा की जरूरत जैसे रसोई गैस की सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित करना आसान काम नहीं है। लेकिन जिलाधिकारी सविन बंसल और उनकी समर्पित टीम ने इसे संभव कर दिखाया। उनकी कार्यक्षमता, निर्णय लेने की तेजी और क्रियान्वयन की मजबूती को देखते हुए कहा जा सकता है कि ऐसे प्रशासक ही लोक सेवा की सच्ची मिसाल पेश करते हैं।
देहरादून के नागरिकों ने भी इस व्यवस्था की सराहना की है। एक स्थानीय निवासी ने कहा, “राजधानी होने के बावजूद यहां सिलेंडर की कोई किल्लत नहीं है। डीएम साहब की टीम ने अच्छा काम किया है।”
देहरादून जिले में एलपीजी सिलेंडर डिलीवरी की समस्या का न होना श्री सविन बंसल और उनकी टीम की कुशल प्रशासनिक क्षमता का प्रमाण है। उनकी कार्यशैली अन्य जिलों के लिए भी प्रेरणादायक है। उम्मीद की जाती है कि उनकी इसी उत्कृष्ट कार्यशैली से देहरादून और पूरे उत्तराखंड में आम जनता की सुविधाएं और बेहतर होती रहेंगी।

