पुलिस ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है, जिसने कथित तौर पर देहरादून से दो साल के बच्चे का अपहरण कर उसे उत्तर प्रदेश के बिजनौर में बेच दिया था। देहरादून के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह के अनुसार, वह कई अन्य बच्चों की बाल तस्करी में भी शामिल है। यह मामला 2 जनवरी, 2025 को दर्ज किया गया था, जब देहरादून के यमुना कॉलोनी निवासी रीना नाम की महिला ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके दो बेटों आकाश (5) और विकास (2) का अपहरण कर लिया गया है। उसकी शिकायत के आधार पर, पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 137 (2) के तहत मामला दर्ज किया। सिंह ने कहा कि जांच के दौरान पाया गया कि शिकायतकर्ता का चचेरा भाई राकेश उसे और उसके बच्चों को झूठे बहाने से बिजनौर ले गया था। वहां उसने अपने साथी राहुल और राहुल की बेटी तानिया के साथ मिलकर विकास को धामपुर में प्रियंका और सेंटी नामक दंपति को दो लाख रुपये में बेच दिया।
पुलिस ने पहले अमरोहा और धामपुर से चार आरोपियों राकेश, तानिया, प्रियंका और सेंटी को गिरफ्तार किया था। सिंह ने बताया कि पूछताछ में राहुल (31) की पहचान एक अन्य मुख्य संदिग्ध के रूप में हुई। घटना के बाद से ही वह फरार था और गिरफ्तारी से बचने के लिए बार-बार ठिकाने बदल रहा था। सर्विलांस और मुखबिरों के जरिए खुफिया जानकारी जुटाने के बाद पुलिस ने गुरुवार को कैंट इलाके से राहुल को गिरफ्तार कर लिया। राहुल उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले का रहने वाला है। सिंह ने बताया कि पुलिस बाल तस्करी के अन्य मामलों में उसकी कथित संलिप्तता की जांच कर रही है।