देहरादून/पिथौरागढ़:** उत्तराखंड लोक सेवा आयोग की PCS 2024 परीक्षा में पिथौरागढ़ जिले के युवा अवधेश कुमार उप शिक्षा अधिकारी (Deputy Education Officer) के पद पर चयनित है। वर्तमान में सचिवालय में समीक्षा अधिकारी (RO) के रूप में कार्यरत अवधेश कुमार की यह सफलता मेहनत, समर्पण और लोक सेवा की भावना का सुंदर उदाहरण है।
अवधेश कुमार मूल रूप से जिला पिथौरागढ़ के गणईगंगोली क्षेत्र के भिनगनि गांव के निवासी हैं। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा दयासागर इंटर कॉलेज पिथौरागढ़ से प्राप्त की और स्नातक (B.Sc) की डिग्री LSM PG College Pithoragarh से हासिल की। शिक्षा के प्रति गहरी रुचि और निरंतर अध्ययन की आदत ने उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रेरित किया। सचिवालय में RO के पद पर कार्य करते हुए भी उनका कर्तव्यनिष्ठ व्यवहार और कुशल कार्यशैली है।
परिवार की मजबूत नींव
अवधेश कुमार एक शिक्षित और संस्कारी परिवार से ताल्लुक रखते हैं। उनके पिता हरि प्रसाद सेवानिवृत्त बैंक प्रबंधक हैं, जिन्होंने अपने जीवन में अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा का उदाहरण प्रस्तुत किया। माता बीना देवी गृहिणी हैं और पूरे परिवार की रीढ़ की हड्डी बनी हुई हैं। उनके बड़े भाई अभिषेक कुमार केवीएस (Kendriya Vidyalaya Sangathan) में कंप्यूटर साइंस के प्रवक्ता (PGT) हैं, जबकि बहन डॉ. पूजा कुमारी प्रोडक्शन इंजीनियरिंग में पीएचडी हैं। इस प्रकार पूरा परिवार शिक्षा और सेवा के क्षेत्र में सक्रिय है, जो अवधेश कुमार की सफलता का प्रमुख आधार बना।
समर्पण, लोकसेवा और मित्रवत स्वभाव की मिसाल
अवधेश कुमार को उनके सहकर्मी और जानकार बेहद मेहनती, ईमानदार और लोकसेवा की प्रबल भावना से ओत-प्रोत बताते हैं। सचिवालय में RO के रूप में उन्होंने हमेशा जनसमस्याओं को गंभीरता से लिया और उन्हें निपटाने में पूरी निष्ठा दिखाई। उनका विनम्र और मिलनसार स्वभाव हर किसी को प्रभावित करता है। चाहे कार्यालय का माहौल हो या आम जनता से संबंध, वे हमेशा सकारात्मक ऊर्जा के साथ लोगों की मदद करते दिखते हैं।
अवधेश के ताऊजी पूर्व विधायक नारायण राम आर्य हैं जो स्वयं भी मृदुभाषी और सरल स्वभाव के रहे हैं। उनके पूरे परिवार ने ही शिक्षा को हमेशा विशेष महत्व दिया है। पूर्व विधायक श्री नारायण राम आर्य ने बताया, “अवधेश कुमार न केवल अपने कार्य में निपुण हैं, बल्कि उनकी लोक सेवा की भावना और सौम्य व्यक्तित्व उन्हें अलग पहचान देते हैं। PCS में चयन उनकी निरंतर मेहनत और लक्ष्य के प्रति समर्पण का परिणाम है।”
युवाओं के लिए प्रेरणा
अवधेश कुमार की यह उपलब्धि पहाड़ी क्षेत्र के उन हजारों युवाओं के लिए प्रेरणादायक है जो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने साबित किया है कि सही दिशा, लगन और परिवार के सहयोग से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
अवधेश कुमार ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, शिक्षकों और परिवार को दिया है। वे भविष्य में शिक्षा विभाग में सुधार लाने और युवा पीढ़ी को बेहतर शिक्षा मुहैया कराने के अपने संकल्प को दोहराते हैं, साथ ही अवधेश के मित्रों ने भी उनके चयन पर खुशी जताई है।

